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देहरादून मुख्य सचिव श्री आनंद वर्धन की अध्यक्षता में गुरूवार को सचिवालय में विभिन्न विचारधाराओं द्वारा संचालित योजनाओं के संदर्भ में एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अपर मुख्य सचिव श्री आनंद बर्द्धन को अधिकारियों ने प्रस्तुतिकरण के माध्यम से समस्त जनपदों में हवाई संपर्क सैचुरेशन, असुरक्षित पुलों से मुक्ति, सड़कों में कटे बैरियर का निर्माण, आवश्यक फर्नीचर की आपूर्ति, चरणबद्ध रूप से सौर ऊर्जा प्रणाली से सैचुरेशन, सरकारी अभिलेखों में चरणबद्ध रूप से ई-आफिस का ढांचा, भू-अभिलेख और अन्य शासकीय अभिलेखों का चरणबद्ध रूप से डिजीटाईजेशन, प्रदेश में कृषि, उद्यान और वन विभाग के चरणबद्ध रूप से जैव-फैंसिंग संरक्षण, स्वरोजगार केन्द्रों की स्थापना एवं कवरेज, ग्राम पंचायतों की स्थापना पंचायत समितियों में स्थापना, पुस्तकालयों की स्थापना एवं कैम्पसीकरण, प्रदेश के प्रत्येक जिले में थीम आधारित विज्ञान एवं नवीन केन्द्रों की स्थापना एवं कैम्पसीकरण, इंदौर एवं ओपन स्टेडियम की स्थापना एवं कैम्पसीकरण, जनपद मुख्यालयों में सभागार/संस्कृति केन्द्रों की स्थापना एवं कैम्पसीकरण आदि के। विषय में विस्तार से जानकारी दी।

बैठक में समस्त जनपदों में हवाई सम्पर्क सैचुरेशन के सम्बन्ध में विस्तार से जानकारी देते हुये अधिकारियों ने बताया कि हेलीकाप्टर सेवा सभी जनपदों में सैचुरेशन करने का लक्ष्य है, जिस ओर तेजी से कार्य हो रहा है।
अपर मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिये कि प्रदेश के पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थानों में हवाई सेवा विकसित की जाए। बैठक में लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों ने असुरक्षित पुलों के संबंध में बताया कि प्रदेश में 94 असुरक्षित पुल चिह्नित किये गये हैं, जिनमें से 34 पुलों का जीर्णोद्धार/नवीनीकरण किया गया है तथा शेष सेतुओं का जीर्णोद्धार/नवीनीकरण का कार्य भी यथाशीघ्र किया गया है। जया। झूला पुलों के संबंध में अधिकारियों ने बताया कि 15 झूला पुलों का ईस्टीमेट तैयार कर लिया गया है तथा शेष की डीपीआर चार माह के भीतर प्रस्तुत कर दी गई है। इस पर अपर मुख्य सचिव ने अधिकारियों को तेजी से कार्य करने के निर्देश दिए। क्रैश बैरियर के संबंध में पूछे जाने पर अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश में कई क्रैश बैरियर चिन्हित किये गये हैं, जिन्हें इस वर्ष पूरा कर लिया जायेगा।

प्रदेश के विभिन्न विद्यालयों में फर्नीचर की स्थिति पर अपर मुख्य सचिव द्वारा जानकारी लेने पर शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि फर्नीचर के लिये बजट स्वीकृत हो चुका है तथा शीघ्र ही विद्यालयों को फर्नीचर की आपूर्ति कर दी जायेगी। इस पर अपर मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि यह कार्य शीघ्र किया जाये। शासकीय स्कूलों में सोलर प्लाण्ट की स्थापना के सम्बन्ध में अपर मुख्य सचिव ने जानकारी ली तो अधिकारियों ने बताया कि वर्ष 2022-23 में 12 मेगावाट के सोलर प्लाण्ट हम लगा चुके हैं तथा इस वर्ष 2074 स्कूलों में 15.5 मेगावाट के सोलर प्लांट स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है। इस पर अपर मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिये कि जहां-जहां सोलर प्लाण्ट स्थापित करने की संभावनायें है, ऐसे स्थलों को चिह्नित किया जाये तथा इस सम्बन्ध में एक एक्शन प्लान तैयार कर उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें।

बैठक में सरकारी कार्यालयों में ई-आफिस के क्रियान्वयन की चर्चा करते हुये अपर मुख्य सचिव ने निर्देश दिये कि ई-आफिस के कार्य में और तेजी लाई जाये तथा मुख्य सचिव की अध्यक्षता में इस सम्बन्ध में एक बैठक का आयोजन किया जाये तथा सरकारी कार्यालयों का अधिक से अधिक कार्य ई-आफिस की माध्यम से ही किया जाये। बैठक में भू-अभिलेख व अन्य शासकीय अभिलेखों का चरणबद्ध रूप से डिजिटाईजेशन के सम्बन्ध में अधिकारियों ने बताया कि यह कार्य प्रगति पर है तथा दो वर्ष की अवधि में इसे पूर्ण कर लिया जायेगा। प्रदेश में कृषि, उद्यान व वन विभाग के अन्तर्गत चरणबद्ध रूप से बायो-फैन्सिंग सैचुरेशन के सम्बन्ध में चर्चा के दौरान अधिकारियों ने विस्तार से जानकारी दी। इस पर अपर मुख्य सचिव ने निर्देश दिये कि बायो फेन्सिंग कहां-कहां होनी है तथा उनमें कौन से प्रजाती के पेड़-पौधे लगाये जाने हैं, उसका पूरा विवरण उपलब्ध होना चाहिये।

अपर मुख्य सचिव को बैठक में अधिकारियों ने स्वरोजगार केन्द्रों की स्थापना एव सुदृढ़ीकरण के सम्बन्ध में जानकारी देते हुये बताया कि प्रदेश के 13 इम्प्लाइमेंट केन्द्रों को स्वरोजगार केन्द्रों के रूप में भी विकसित किया जा रहा है तथा इन स्वरोजगार केन्द्रों को लाईब्रेरी, वीडियो कांफ्रेंसिंग आदि सुविधाओं से आच्छादित किया जायेगा।ं बैठक में पंचायत राज अधिकारियों ने बताया कि इस वर्ष 250 पंचायत भवनों के निर्माण का लक्ष्य रखा है। इस पर अपर मुख्य सचिव ने निर्देश दिये कि इसका पूरा एक्शन प्लान बनाकर उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। बैठक में पुस्तकालयों की स्थापना एवं सुदृढ़कीकरण, विज्ञान व नवाचार केन्द्रों की स्थापना व सुदृढ़ीकरण, इण्डोर व ओपन स्टेडियम की स्थापना व सुदृढ़ीकरण तथा जनपद मुख्यालयों में आडिटोरियम/संस्कृति केन्द्रों की स्थापना आदि की विस्तार से समीक्षा की गयी तथा अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिये गये।

इस अवसर पर सचिव श्री सुरेन्द्र नारायण पाण्डेय, श्री विनोद कुमार सुमन, अपर सचिव श्री सी. रवि शंकर, श्रीमती रंजना राजगुरू सहित सम्बन्धित विभागों के अधिकारीगण उपस्थित थे

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