86 total views

अल्मोड़ा सरकारी स्कूलों मे एक नया फरमान आया है ।प्रदेश के विद्यालयों में मासिक परीक्षा/यूनिट टेस्ट का आयोजन होना है। इसके लिए कुछ विद्यालय चयनित किये गये है । इन चयनित विद्यालयों मे 10 नम्बर के पेपर से परीक्षा करवाई जायेगी ।।बाकी बचे हुए विद्यालय जो चयनित नहीं हुए हैं।वह ब्लू प्रिंट के हिसाब से 20 नम्बर की परीक्षा लेंगे।एक ही तरीके की परीक्षा का दो तरह से आयोजन होने से शिक्षा विभाग सवालों के घेरे मे है सोसियल मीडिया मे इसे बड़ा अजीब किस्म का प्रयोग बताया जा रहा है । इस पर कुछ लोंग हैरानी जता रहे है । शिक्षकों मे यह चर्चा है कि विद्यालयों में पढ़ाना लिखाना,परीक्षा लेने और पेपर बनाने का काम शिक्षकों को ही सौप देना चाहिए।क्योंकि यह काम शुरू से ही शिक्षकों का रहा है।परीक्षा के आयोजन और महत्त्वपूर्ण निर्देशों का जिम्मा परिषदीय कार्यालय रामनगर का है और उसी को यह सब करने दिया जाए शिक्षकों का कहना है कि यू डायस ,परीक्षाओं के नम्बरों की ऑनलाइन फीडिंग उनको करना चाहिए जिनका यह काम है। शिक्षकों को पढाने लिखाने के साथ साथ अतिरिक्त काम सौपने से पढाई बाधित हो जाती है । इसके लिये विभाग में शिक्षकों के अलावा बाकी अन्य पद भी है । जिनमें समन्यवय जरूरी है ।