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अल्मोड़ा नगर पालिका ने सोमवार को बैठक में वर्ष 2022-23 के लिए 63,75,843.29 रुपये घाटे का बजट सर्वसम्मति से पास किया। वार्ड सभासदों ने अपने-अपने वार्डो के प्रस्ताव प्रस्तुत किए। अध्यक्षता करते हुए पालिकाध्यक्ष प्रकाश चंद्र जोशी ने कहा कि पालिका की वर्तमान वित्तीय स्थिति ठीक नहीं होने से धनराशि उपलब्ध होने पर ही प्रस्तुत प्रस्तावों पर विचार किया जाएगा।

उन्होंने नगर में पॉलीथिन के प्रयोग पर रोक, बाजार में लगातार बढ़ रहे अतिक्रमण को हटाने के लिए ईओ को निर्देश दिए।लक्ष्मेश्वर पार्किंग के नीचे दो तलों का निर्माण और किराये पर देने का प्रस्ताव आया जिसको स्वीकृति प्रदान की गई सदन मे पन्च वर्षीय भवन कर निर्धारण पूर्ण करने की जानकारी देते हुवे बताया गया कि इसमें किसी ने अपनी आपत्ति दर्ज नहीं की तो उनका भवन कर 20 प्रतिशत बढ़ा दिया जाएगा। नगर में कुली लाइसेंस के लिए थाने से सत्यापन किया जा रहा है। जिसका आंकड़ा पालिका के पास नही है । मजदूरों का सत्यापन पालिका में कराए जाने के बाद ही पुलिस सत्यापन कराने के लिए एसएसपी को पत्र भेजने का प्रस्ताव पारित किया गया। बताया गया कि नगर में भवन स्वामी अपना भवन कर स्वत: निर्धारण करेंगे, इसके लिए भवन स्वामियों से आपत्तियां, सुझाव मांगे जाएंगे। बैठक मे सभासद दीपा साह, तरन्नुम बी, विजय पांडे, दीप्ति सोनकर, जगमोहन बिष्ट, हेम तिवारी, राजेंद्र तिवारी, सचिन आर्या, ईओ महेंद्र कुमार यादव थे।
बैठक मे कुछ सभासदों द्वारा ुालिका पर एक दुकान हस्तान्करण के मामले पर लगाये दये आरोप पर स्पष्ठ किया गया कि नगर पालिका की दुकान को पालिका ने संस्था को नियमानुसार दिया है। सभासदों का आरोप निराधार है। सभासदों को आश्वासन दिया गया है कि उन्हें भी कागजी कार्रवाई के साक्ष्य दिखाए जाएंगे। बैठक मे पालिकाध्यक्ष प्रकाश चन्द्र जोशी ने बताया कि पालिका को प्रतिवर्ष डेढ़ करोड़ का घाटा चल रहा है पालिका की आर्थिक स्थिति की हालत यह है कि अपने कर्मचारियों के देयकों का भुगतान करने के लिए 12 करोड़ रुपये का ऋण लेना पड़ा। पालिका की आय का मुख्य साधन भवन कर है और वह भी पालिका को समय पर नहीं मिल पा रहा है।अल्मोड़ा पालिका के लिए सालाना 15 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत है, इसमें से शासन से पालिका को 11 करोड़ बजट मिलता है और चार करोड़ पालिका अपने संसाधनों से जुटाता है। कर्मचारियों के वेतन, पेंशन सहित अन्य पुराने देयकों के लिए पालिका को अधिक बजट की जरूरत पड़ती है। पालिका की आय का मुख्य साधन भवन कर की वसूली है। निजी भवनों की कर वसूली से सालाना करीब एक करोड़ रुपये की आय होती है। सरकारी भवनों से भी सालाना करीब 35 लाख की आय होती है। पालिका के आंकड़ों के मुताबिक सरकारी भवनों के कर का अभी करीब 25 लाख रुपये लंबित है।पालिका के पास कूड़ा निपटारे के लिए ट्रंचिंग ग्राउंड की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है। पालिका अब विद्युत संयंत्र (इंसीनरेटर) लगाने का प्रस्ताव शासन को भेजने की तैयारी कर रही है।उम्होंने बताया कि अल्मोड़ा नगर पालिका क्षेत्र में अभी एक हजार से अधिक बंदर हैं। बंदरों के आतंक से मुक्त करने के लिए अब पालिका मथुरा की एक टीम का सहारा ले रही है। एक बंदर पकड़ने का 250 रुपये में करार किया है। टीम को उन्हीं बंदरों को पकड़ने का भुगतान होगा जिनका बधियाकरण किया जाएगा ।